Bankelal Digest – 2

स्वर्ग की मुसीबत #158 बांकेलाल की इकलोती इच्छा थी कि वह किसी देश का राजा बने। इसके लिये उसने कई तिकड़में भी लगायीं किंतु हर बार पासा उल्टा ही पड़ा। और राजा सिंहासन उसके हाथ आते आते रह गया। निराश होकर बांकेलाल जैसा खुराफाती इन्सान आत्महत्या करने पर हो गया उत

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स्वर्ग की मुसीबत #158 बांकेलाल की इकलोती इच्छा थी कि वह किसी देश का राजा बने। इसके लिये उसने कई तिकड़में भी लगायीं किंतु हर बार पासा उल्टा ही पड़ा। और राजा सिंहासन उसके हाथ आते आते रह गया। निराश होकर बांकेलाल जैसा खुराफाती इन्सान आत्महत्या करने पर हो गया उत

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